बसपा सुप्रीमों ने चरणजीत सिंह चन्नी पंजाब के सीएम पर साधा निशाना।

चरणजीत सिंह चन्नी के पंजाब के मुख्यमंत्री बनाए जाने को लेकर बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती का बयान सामने आया है, मायावती ने इसे कांग्रेस का चुनावी हथकंडा करार देते हुए कहा, आगामी पंजाब चुनाव इनके नेतृत्व में नहीं बल्कि गैर दलित के नेतृत्व में लड़ा जाएगा। इससे सिद्ध होता है कांग्रेस का दलितों पर अब तक भरोसा नहीं हुआ है। मायावती ने कहा कि कांग्रेस ने चुनावी फायदे के लिए यह निर्णय लिया है, जबकि सच तो यह है कि कांग्रेस को दलितों पर भरोसा नहीं है। उन्हें मुसीबत में ही दलितों की याद आती है। मायावती ने पंजाब के लोगों को कांग्रेस से सावधान रहने की बात कही है।
चरणजीत सिंह चन्नी ने सोमवार को राजभवन में पंजाब के नए मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ली है। इसके बाद राज्य को पहला दलित मुख्यमंत्री मिल गया है। चरणजीत सिंह चन्नी के अलावा सुखविंदर सिंह रंधावा और ओपी सोनी ने भी पंजाब के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। शपथ ग्रहण समारोह में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू और प्रभारी महासचिव हरीश रावत भी मौजूद रहे।
बसपा सु्प्रीमो ने भाजपा पर भी निशाना साधा है। मायावती ने कहा कि इसी तरह भाजपा में ओबीसी समाज के लिए प्रेम उभरा है। अगर भाजपा ओबीसी के लिए कुछ करना चाहती है तो जातिवार जनगणना क्यों नहीं करवा रही है। मायावती ने पूछा कि अभी तक सरकारी नौकरियों में अनुसूचित जाति एवं जनजाति के खाली पदों को नहीं भरा गया है ? उन्होंने कहा कि लोगों को भाजपा व कांग्रेस के चुनावी हथकंडों से सावधान रहना चाहिए।
आपको बता दें, पंजाब के नए मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने सोमवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। चन्नी के साथ डिप्टी सीएम के तौर पर सुखजिंदर सिंह रंधावा और ओपी सोनी ने भी शपथ ली। पंजाब में पहली बार दो डिप्टी सीएम बनाए गए हैं। वहीं, अपमानित होकर सीएम की कुर्सी छोड़ने को मजबूर हुए कैप्टन अमरिंदर सिंह शपथ ग्रहण समारोह में नहीं शामिल हुए। चरणजीत चन्नी अब पंजाब के इतिहास में पहले दलित मुख्यमंत्री बन गए हैं। उन्होंने शपथ लेने के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय का दायित्व संभाल लिया है।

रिपोर्ट – आर डी अवस्थी

Leave a Reply

Your email address will not be published.