संशोधित मतदाता सूची जारी, 9 विधानसभा क्षेत्रों में 3.5 लाख नए वोटर जुड़े; बड़ी संख्या में नाम हटने से मची हलचल

लखनऊ में मतदाता सूची के पुनरीक्षण के बाद बड़ा बदलाव देखने को मिला है। नई जारी सूची के अनुसार, करीब 8 लाख मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं, जिसके बाद राजधानी में कुल मतदाताओं की संख्या अब लगभग 31.30 लाख रह गई है।
निर्वाचन विभाग के मुताबिक, यह कार्रवाई नियमित पुनरीक्षण प्रक्रिया के तहत की गई है। इसमें मृतक, स्थानांतरण कर चुके और डुप्लीकेट नामों को सूची से हटाया गया है। अधिकारियों का कहना है कि इससे मतदाता सूची अधिक सटीक और पारदर्शी बनेगी।
दूसरी ओर, 9 विधानसभा क्षेत्रों में लगभग 3.5 लाख नए मतदाताओं को जोड़ा गया है। इनमें बड़ी संख्या में युवा मतदाता शामिल हैं, जिन्होंने हाल ही में 18 वर्ष की आयु पूरी की है। इससे चुनावी समीकरणों पर असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
हालांकि, बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने को लेकर कई राजनीतिक दलों और स्थानीय लोगों ने सवाल भी उठाए हैं। उनका कहना है कि कई वैध मतदाताओं के नाम भी सूची से गायब हो गए हैं, जिससे उन्हें मतदान के अधिकार से वंचित होना पड़ सकता है।
निर्वाचन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन लोगों के नाम सूची से हट गए हैं, वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत पुनः आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यम उपलब्ध कराए गए हैं।
आगामी चुनावों को देखते हुए यह संशोधित मतदाता सूची काफी अहम मानी जा रही है, क्योंकि इससे चुनावी रणनीतियों और नतीजों पर सीधा असर पड़ सकता है।