जिले की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से वसूली की शिकायत के बाद प्रशासन ने की सख्त कार्रवाई, जांच के आदेश

उत्तर प्रदेश से भ्रष्टाचार से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि जिले के मुख्य विकास अधिकारी (CDO) ने आंगनबाड़ी केंद्रों से अवैध वसूली की मांग की थी। जानकारी के मुताबिक, सीडीओ ने जिला समन्वयक (District Coordinator) के सामने कथित तौर पर हर आंगनबाड़ी केंद्र से 10 हजार रुपये देने की मांग रखी थी।
इस मामले की जानकारी सामने आने के बाद प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया। शिकायत मिलते ही उच्च अधिकारियों ने मामले का संज्ञान लिया और पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी गई। प्रारंभिक जांच में आरोप गंभीर पाए जाने के बाद संबंधित अधिकारी पर कार्रवाई की गई है।
बताया जा रहा है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं पर दबाव बनाकर उनसे पैसे की मांग की जा रही थी। इस घटना के सामने आने के बाद महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों ने भी रिपोर्ट मांगी है।
राज्य सरकार ने साफ किया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन ने मामले की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए हैं और दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की बात कही गई है।
सरकार का कहना है कि आंगनबाड़ी व्यवस्था महिलाओं और बच्चों के पोषण से जुड़ी एक महत्वपूर्ण योजना है, इसलिए इसमें किसी भी तरह की अनियमितता या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।