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अब 24 फरवरी 2021 तक प्रभावी रहेंगी हवाई यात्राओं के किरायों पर न्यूनतम और अधिकतम सीमाएँ- हरदीप सिंह पुरी

नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने गुरुवार को घोषणा की कि घरेलू हवाई किराए की ऊपरी और निचली सीमाएं 24 नवंबर से 24 फरवरी तक और तीन महीने के लिए लागू रहेंगी ।

21 मई को, उड्डयन मंत्रालय ने 24 अगस्त तक उड़ान की अवधि के आधार पर वर्गीकृत, सात बैंडों के माध्यम से इन सीमाओं को निर्धारित किया था। बाद में इस किराया सीमा को 24 नवंबर तक बढ़ा दिया गया था।

श्री पूरी ने कहा कि अगर निर्धारित घरेलू उड़ानें साल के अंत तक पूर्व-कोविद स्तरों तक पहुंच जाती हैं, तो उन्हें उस समय किराया सीमा पर लगे प्रतिबंध को हटाने में कोई हिचक नहीं होगी।

हरदीप सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ‘हम प्राइस बैंड को अगले तीन महीने के लिए बढ़ा रहे हैं।’

उन्होंने आगे कहा कि भले ही हम इसे तीन महीने तक बढ़ा रहे हैं, लेकिन अगर हम साल के अन्त तक पाते हैं कि स्थिति में गुड़ात्मक सुधार है, और हम पूर्व-कोविड ​​स्तरों पर पहुंच रहे हैं, तो मुझे बिल्कुल भी संकोच नहीं होगा यदि मेरे सहयोगी (उड्डयन मंत्रालय के अधिकारी) चाहेंगे कि हम पूरे तीन महीनों के लिए मूल्य बैंड का उपयोग न करें ।

आप को याद दिला दें कि कोरोनावायरस के प्रकोप से निपटने के लिए लगभग दो महीने के निलंबन के बाद 25 मई को घरेलू यात्री सेवाएं फिर से शुरू हुईं थीं ।

नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने 21 मई को उड़ान की अवधि के आधार पर निचली और ऊपरी किराया सीमा के साथ टिकट मूल्य निर्धारण के सात बैंडों की घोषणा की थी।

इस तरह के पहले बैंड में 40 मिनट से कम अवधि की उड़ानें होती हैं।

पहले बैंड की निचली और ऊपरी किराया सीमा क्रमशः 2,000 रुपये और 6,000 रुपये है।

बाद के बैंड 40-60 मिनट, 60-90 मिनट, 90-120 मिनट, 120-150 मिनट, 150-180 मिनट और 180-210 मिनट की अवधि वाली उड़ानों के लिए हैं। डीजीसीए ने कहा की निचली और ऊपरी किराया सीमाएं क्रमश: रु 2,500- रु 7,500; 3,000-रु 9,000; 3,500-रु 10,000; 4,500-रु 13,000; 5,500-रु। 15,700 और रु 6,500- 18,600 रु हैं।

रिपोर्ट – विकास चंद्र अग्रवाल

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