जंक फूड, ज्यादा शुगर और प्रोसेस्ड खानपान बच्चों के ब्रेन डेवलपमेंट के लिए बन सकते हैं बड़ा खतरा

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में बच्चों की खानपान की आदतें तेजी से बदल रही हैं। चिप्स, कोल्ड ड्रिंक, कैंडी, इंस्टेंट नूडल्स, पैकेट वाले स्नैक्स और ज्यादा शुगर वाले फूड्स बच्चों की पहली पसंद बनते जा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड्स बच्चों के शरीर ही नहीं, बल्कि उनके दिमाग के विकास पर भी गंभीर असर डाल सकते हैं।
बचपन वह उम्र होती है जब मस्तिष्क तेजी से विकसित होता है। इस दौरान अगर पोषण की कमी हो या लगातार अनहेल्दी फूड्स का सेवन कराया जाए, तो याददाश्त, सीखने की क्षमता, ध्यान केंद्रित करने की शक्ति और व्यवहार पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। ज्यादा शुगर और ट्रांस फैट वाले खाद्य पदार्थ शरीर में सूजन बढ़ाते हैं, जो ब्रेन हेल्थ के लिए नुकसानदायक मानी जाती है।

डॉक्टर सलाह देते हैं कि बच्चों के भोजन में ताजे फल, हरी सब्जियां, दूध, दालें, ड्राई फ्रूट्स और घर का पौष्टिक खाना शामिल करें। स्क्रीन टाइम कम करें और फिजिकल एक्टिविटी बढ़ाएं। छोटी-छोटी लापरवाहियां लंबे समय में बच्चों के स्वास्थ्य पर बड़ा असर डाल सकती हैं। इसलिए जरूरी है कि माता-पिता समय रहते बच्चों की डाइट पर ध्यान दें, ताकि उनका मानसिक और शारीरिक विकास बेहतर हो सके।