
बाराबंकी, 16 सितंबर 2026: उत्तर प्रदेश के GST पंजीकृत व्यापारियों और उनके आश्रित परिवारों को ₹5 लाख तक की कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की मांग को लेकर बाराबंकी में व्यापारिक संगठनों ने आवाज उठाई। संयुक्त व्यापार मोर्चा के तत्वावधान में बाराबंकी डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सभागार में आयोजित बैठक के दौरान व्यापारियों की ओर से इस मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा गया।

व्यापारियों ने प्रदेश के सभी GST पंजीकृत व्यापारियों और उनके परिवारों को आयुष्मान भारत योजना के तहत ₹5 लाख तक की स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग रखी है। व्यापारियों का कहना है कि गंभीर बीमारी या आकस्मिक स्वास्थ्य समस्या की स्थिति में महंगे इलाज का खर्च छोटे और मध्यम व्यापारियों के परिवारों पर बड़ा आर्थिक बोझ डालता है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के नाम सौंपा गया ज्ञापन
व्यापारियों की ओर से भाजपा जिला उपाध्यक्ष श्री जंग बहादुर पटेल को प्रदेश अध्यक्ष श्री पंकज चौधरी जी के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में मांग की गई कि GST पंजीकृत व्यापारियों एवं उनके आश्रित परिवारों को ₹5 लाख तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक नीति बनाकर इसे लागू किया जाए।
ज्ञापन में कहा गया है कि व्यापारी वर्ग प्रदेश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और GST के माध्यम से प्रदेश के राजस्व में भी योगदान देता है। इसके बावजूद बड़ी संख्या में GST पंजीकृत व्यापारी और उनके परिवार सरकारी स्वास्थ्य सुरक्षा योजनाओं के दायरे से बाहर हैं।

केमिस्ट एसोसिएशन की मुहिम को व्यापारिक संगठनों का समर्थन
वरिष्ठ व्यापारी नेता प्रदीप कुमार जैन ने कहा कि बाराबंकी केमिस्ट एसोसिएशन की ओर से चलाई जा रही मुहिम का सभी व्यापारिक संगठन पूर्ण समर्थन करते हैं।
बाराबंकी केमिस्ट एसोसिएशन की ओर से शुरू की गई इस मांग को जनपद के विभिन्न व्यापारिक संगठनों ने समर्थन दिया। बाराबंकी केमिस्ट एसोसिएशन के वरिष्ठ पदाधिकारी संजय शुक्ला और जितेंद्र सिंह वर्मा ने कहा कि GST पंजीकृत व्यापारियों को कैशलेस इलाज की सुविधा मिलने से व्यापारी परिवारों को बड़ी राहत मिल सकती है।
GST पंजीकरण बढ़ने की भी जताई गई संभावना
व्यापारियों की ओर से यह भी तर्क दिया गया कि यदि GST पंजीकृत व्यापारियों को इस प्रकार की स्वास्थ्य सुरक्षा का लाभ मिलता है, तो इससे बिना पंजीकरण व्यापार कर रहे कुछ व्यापारी भी GST पंजीकरण के लिए प्रोत्साहित हो सकते हैं। इससे प्रदेश में GST पंजीकरण की संख्या बढ़ने और राजस्व में वृद्धि की संभावना भी जताई गई।
ज्ञापन में यह भी कहा गया कि स्वास्थ्य सुरक्षा मिलने से व्यापारी परिवारों को गंभीर बीमारियों के इलाज में आर्थिक राहत मिलेगी और सरकार तथा व्यापारी समाज के बीच सहयोग की भावना और मजबूत होगी।
कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधि और व्यापारी नेता मौजूद रहे। इनमें रविनन खजांची, पूतन लाल मिश्रा, संदीप टण्डन, मनीष निगम, प्रभात कुमार, नीरज जैन, मनीष खेतान, धीरेन्द्र कुमार वर्मा, प्रदीप कुमार, चरनजीत सिंह, संजय निगम सहित अन्य व्यापारी नेता शामिल रहे।
The Indian Opinion