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कमलेश की मां का सवाल’अखिलेश सरकार में 17 सुरक्षाकर्मी थे, आपके राज में हटाई गई सुरक्षा! क्या तय होगी एसएसपी डीजीपी की जिम्मेदारी.? THE INDIAN OPINION


आतंकियों ने ‘एलानिया’ कमलेश तिवारी की हत्या कर दी लेकिन योगी सरकार उनकी हिफाजत क्यों नहीं कर पाई.?
इस सवाल का जवाब देना उत्तर प्रदेश की योगी सरकार के लिए मुश्किल हो रहा है।
कमलेश तिवारी को कल लखनऊ स्थित उनके आवास में घुसकर गला काट कर मौत के घाट उतार दिया गया यह सब तब हुआ जब उन्हें संवेदनशीलता के आधार पर सरकारी सुरक्षा दी गई थी।

कमलेश की मां कुसुम देवी ने सवाल खड़ा किया है अखिलेश यादव की सरकार में उनके साथ 17 सुरक्षाकर्मी रहते थे कोई उन्हें छू भी नहीं पाया था।क लेकिन योगी आदित्यनाथ की सरकार में सुरक्षा वापस ले ली गई थी केवल तीन चार सुरक्षाकर्मी आते जाते थे जब उनकी हत्या हुई तो संदिग्ध परिस्थितियों में सभी सुरक्षाकर्मी गायब थे। जबकि पुलिस महकमे के बड़े अधिकारियों को भी यह पता था कि उन्हें जिहादी संगठनों से जान का खतरा है क्योंकि कई संगठनों और मौलानाओं ने उनके ऊपर मौत का फतवा जारी किया था और 51 लाख के इनाम का ऐलान भी किया था।

कमलेश के परिजनों के मुताबिक खुफिया एजेंसियों ने भी सरकार को चेतावनी दी थी कि कमलेश तिवारी को खतरा है। उसके बावजूद योगी सरकार में उन्हें समुचित सुरक्षा नहीं दी गई। उनके परिवार का साफ कहना है कि लखनऊ में बैठे पुलिस विभाग के बड़े अधिकारियों ने बार-बार प्रार्थना पत्र देने और शिकायत करने के बावजूद कमलेश तिवारी की सुरक्षा से खिलवाड़ किया। लखनऊ के एसएसपी कलानिधि नैथानी आईजी डीआईजी से लेकर डीजीपी तक सीधे तौर पर इस मामले में जिम्मेदार हैं।

कमलेश तिवारी के समर्थकों का आरोप है कि इस मामले में पुलिस के बड़े अफसरों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए जिन्होंने जानबूझकर कमलेश तिवारी की जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया और गंभीर खतरा होते हुए भी उन्हें समुचित सुरक्षा नहीं उपलब्ध करवाई।

सुरक्षा ना होने की वजह से ही आतंकी अपने मंसूबों में कामयाब हो सके और उन्होंने दिनदहाड़े लखनऊ में कमलेश तिवारी के घर में घुसकर गर्दन रेतकर उनकी हत्या कर दी और उत्तर प्रदेश की योगी सरकार की सुरक्षा के दावों की धज्जियां उड़ाकर रख दी।

कमलेश की मां कुसुम देवी ने मीडिया से बात करते हुए यह सवाल खड़ा किया है कि जब अखिलेश यादव और आजम खान के राज में उनके बेटे को 17 सुरक्षाकर्मी दिए गए थे तो फिर योगी के राज में सुरक्षा क्यों हटाई गई उन्होंने साफ तौर पर इस हत्याकांड के लिए सरकार और पुलिस अफसरों की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है।

रिपोर्ट – देवव्रत शर्मा