ग्लोबल स्तर पर लागत घटाने की कवायद तेज, भारत में सबसे ज्यादा कर्मचारियों पर असर पड़ने की आशंका

Cognizant ने दुनिया भर में बड़े स्तर पर कर्मचारियों की छंटनी की तैयारी शुरू कर दी है। रिपोर्ट्स के अनुसार कंपनी करीब 15 हजार कर्मचारियों को बाहर करने की योजना बना रही है। इस फैसले का सबसे ज्यादा असर भारत पर पड़ सकता है, क्योंकि कंपनी के सबसे अधिक कर्मचारी यहीं कार्यरत हैं।
बताया जा रहा है कि कॉग्निजेंट लागत कम करने और बिजनेस स्ट्रक्चर को अधिक प्रभावी बनाने के लिए यह कदम उठा रही है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ऑटोमेशन और बदलती टेक्नोलॉजी जरूरतों के चलते कई पारंपरिक भूमिकाओं की मांग कम हुई है। इसी वजह से कंपनी अपने वर्कफोर्स में बदलाव कर रही है।

आईटी सेक्टर में पिछले कुछ समय से छंटनी का दौर जारी है। कई बड़ी टेक कंपनियां पहले ही हजारों कर्मचारियों को निकाल चुकी हैं। ऐसे में कॉग्निजेंट का यह फैसला कर्मचारियों के बीच चिंता बढ़ाने वाला माना जा रहा है।

विशेषज्ञों का कहना है कि भारत के आईटी हब जैसे बेंगलुरु, हैदराबाद, पुणे और नोएडा में काम कर रहे कर्मचारियों पर इसका असर ज्यादा देखने को मिल सकता है। हालांकि कंपनी की ओर से आधिकारिक विस्तृत बयान का इंतजार किया जा रहा है।