बोलीं– बाबा साहेब के सम्मान के लिए जुट जाएं अंबेडकरवादी

Uttar Pradesh की राजनीति में बड़ा ऐलान करते हुए Mayawati ने आगामी विधानसभा चुनाव अकेले लड़ने की घोषणा की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी किसी भी दल के साथ गठबंधन नहीं करेगी और पूरी ताकत के साथ चुनाव मैदान में उतरेगी।
बसपा प्रमुख ने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता और अंबेडकरवादी विचारधारा से जुड़े लोग B. R. Ambedkar के सम्मान और उनके मिशन को आगे बढ़ाने के लिए एकजुट हो जाएं। उन्होंने आरोप लगाया कि अन्य दल केवल वोट बैंक की राजनीति करते हैं, जबकि उनकी पार्टी सामाजिक न्याय के सिद्धांतों पर काम करती है।
Bahujan Samaj Party की बैठक में मायावती ने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पार्टी का लक्ष्य सर्वजन हिताय और सर्वजन सुखाय की नीति पर आगे बढ़ना है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि बसपा का अकेले चुनाव लड़ने का फैसला राज्य की चुनावी समीकरणों को प्रभावित कर सकता है। वहीं, पार्टी कार्यकर्ताओं में इस घोषणा के बाद उत्साह देखा गया।
मायावती ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे गांव-गांव और शहर-शहर जाकर पार्टी की नीतियों को जनता तक पहुंचाएं और सामाजिक परिवर्तन के लिए संगठित प्रयास करें।