महिला भक्त को समझाया— “गुरु गड़बड़ निकल जाए तभी रोना”; कहा— “मैं सत्यनिष्ठ हूं, कानून और सच का सामना करने को तैयार हूं”

शंकराचार्य Swami Avimukteshwaranand ने हाल ही में बयान दिया है कि वे किसी भी परिस्थिति से भागने वाले नहीं हैं, बल्कि कानून और सत्य का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। यह टिप्पणी उस समय आई जब उनके खिलाफ दर्ज मामले को लेकर कई तरह की चर्चाएँ तेज हो गई हैं।
एक कार्यक्रम के दौरान रोती हुई महिला भक्त ने उनसे चिंता जताई। इस पर उन्होंने उसे शांत करते हुए कहा—
“गुरु अगर गड़बड़ निकले, तब रोना। मैं भागने वालों में से नहीं हूं। मैं सत्यनिष्ठ हूं और न्याय का सामना करूंगा।”
अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि उनके खिलाफ लगाए जा रहे आरोप निराधार हैं और वह किसी भी जांच में सहयोग करने को तैयार हैं। उन्होंने भावुक होकर कहा कि उनके लिए उनके शिष्य और भक्त परिवार के सदस्य जैसे हैं, और वे कभी भी उनके भरोसे को टूटने नहीं देंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि समाज में फैलाई जा रही गलत सूचनाओं का सच जल्द सामने आएगा। उन्होंने लोगों से संयम और विश्वास बनाए रखने की अपील की।