लखनऊ के टॉपर्स बोले—घंटे नहीं, फोकस मायने रखता है; जानिए उनकी तैयारी की खास रणनीति

Lucknow के छात्रों ने इस साल शानदार प्रदर्शन करते हुए साबित कर दिया कि सफलता के लिए स्मार्ट स्ट्रेटेजी और अनुशासन सबसे जरूरी है। खास बात यह रही कि कई टॉपर्स ने मोबाइल फोन और सोशल मीडिया से दूरी बनाकर अपनी पढ़ाई पर पूरा फोकस किया।
टॉप करने वाले छात्रों का कहना है कि उन्होंने कभी भी घड़ी देखकर पढ़ाई नहीं की। उनके अनुसार, पढ़ाई का समय नहीं बल्कि समझ और कंसिस्टेंसी ज्यादा मायने रखती है। एक छात्र ने बताया कि वह रोजाना अपने लक्ष्य तय करता था और उन्हें पूरा करने पर ध्यान देता था, बजाय इसके कि वह घंटों की गिनती करे।

कई टॉपर्स ने सोशल मीडिया से पूरी तरह दूरी बना ली थी। उनका मानना है कि इससे ध्यान भटकता है और समय की बर्बादी होती है। उन्होंने अपने मोबाइल का इस्तेमाल सिर्फ जरूरी कॉल या पढ़ाई से जुड़े कामों के लिए ही किया।
तैयारी के दौरान इन छात्रों ने नियमित रिवीजन और मॉक टेस्ट पर खास ध्यान दिया। वे हर विषय को छोटे-छोटे हिस्सों में बांटकर पढ़ते थे, जिससे समझ बेहतर होती गई। साथ ही, उन्होंने अपने कमजोर विषयों पर ज्यादा मेहनत की और शिक्षकों से लगातार मार्गदर्शन लिया।

परिवार का सपोर्ट भी उनकी सफलता में अहम भूमिका निभाता है। माता-पिता ने बच्चों को पढ़ाई के लिए शांत वातावरण दिया और उन्हें मोटिवेट करते रहे।
इन टॉपर्स की कहानी यह सिखाती है कि अगर सही दिशा में मेहनत की जाए और ध्यान भटकाने वाली चीजों से दूरी बनाई जाए, तो सफलता जरूर मिलती है।