मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की निगाहें नशे के सौदागरों के ऊपर टेढ़ी हो गई हैं,Drugs माफियाओं के खिलाफ एक्शन के लिए बनाई गई एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स-

नशे के कारोबार को सामान्य आपराधिक घटना न मानते हुए मुख्यमंत्री ने इसे राष्ट्रीय अपराध बताया और कहा कि समाज को खोखला कर रहे इन अपराधियों के खिलाफ सख्त एक्शन होना चाहिए। जिसके बाद अब प्रदेश में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) का गठन किया गाय है। नशा कारोबारियों के के खिलाफ यह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का बड़ा कदम बताया जा रहा है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को अवैध शराब व ड्रग्स के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की समीक्षा के दौरान निर्देश दिए कि इसमें संलिप्त माफियाओं और उनके गुर्गों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाए। इस अभियान में चिन्हित अपराधियों की सम्पत्तियों को जब्त करते हुए उनके पोस्टर्स सार्वजनिक स्थानों पर लगाए जाएं।

इसके लिए जोन और रेंज स्तर पर एंटी नारकोटिक्स पुलिस थाने बनाए जाएंगे. पहले चरण में बाराबंकी और गाजीपुर में एंटी नारकोटिक्स थाना बनेगा। इतना ही नहीं एंटी नारकोटिक्स फोर्स में तैनाती पर पुलिस कर्मियों को विशेष भत्ते भी मिलेंगे। इस कड़ी में यूपी पुलिस ने सोमवार को हुक्काबार एवं अवैध मादक पदार्थों के तस्करों के विरूद्ध प्रदेश के सभी जिलों में एक साथ अभियान चलाया, जिसमें 785 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया और साढ़े पांच करोड़ रुपये से ज्यादा की कीमत के मादक पदार्थ बरामद किए गए।

 

ब्यूरो रिपोर्ट ‘द इंडियन ओपिनियन’

Leave a Reply

Your email address will not be published.